शादी व मांगलिक कार्यों में आतिशबाजी की तो, खानी होगी जेल की हवा

लखनऊ — उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ की आबोहवा को प्रदूषण से मुक्त करने की कवायद तेज हो गई है.इसी के चलते  जिला प्रशासन ने शादी समारोह सहित सभी मांगलिक कार्यक्रमों के दौरान आतिशबाजी पर सख्ती से साथ  रोक लगा दी है.यही नहीं यदि इस आदेश का उल्लंघन किया गया तो मुकदमे के साथ आपको जेल हवा भी खनी पड़ सकती है.   बता दें कि डीएम कौशल राज शर्मा ने बताय कि यह प्रतिबंध राजधानी क्षेत्र में गुरुवार यानी 16 नवंबर से 15 जनवरी 2018 तक लागू रहेगा. उन्होंने बताया कि आतिशबाजी से प्रदूषण की समस्या ज्यादा बढ़ सकती

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November 17, 2017

लखनऊ — उत्तर प्रदेश की राजधानी लखनऊ की आबोहवा को प्रदूषण से मुक्त करने की कवायद तेज हो गई है.इसी के चलते  जिला प्रशासन ने शादी समारोह सहित सभी मांगलिक कार्यक्रमों के दौरान आतिशबाजी पर सख्ती से साथ  रोक लगा दी है.यही नहीं यदि इस आदेश का उल्लंघन किया गया तो मुकदमे के साथ आपको जेल हवा भी खनी पड़ सकती है.

 

बता दें कि डीएम कौशल राज शर्मा ने बताय कि यह प्रतिबंध राजधानी क्षेत्र में गुरुवार यानी 16 नवंबर से 15 जनवरी 2018 तक लागू रहेगा. उन्होंने बताया कि आतिशबाजी से प्रदूषण की समस्या ज्यादा बढ़ सकती है. इसी वजह से जनहित में दंड प्रक्रिया संहिता की धरा 144 के तहत प्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए 15 जनवरी तक के लिए मांगलिक कार्यक्रमों सहित किसी भी तरह के आयोजन व प्रयोजन में आतिशबाजी करने पर सख्ती के साथ रोक लगा दिया गया है. इसका उल्लंघन करने वालों के खिलाफ धारा 188 के तहत त्वरित कार्रवाई कर जेल भेजने तक की कार्रवाई की जाएगी.

वहीं इस संबंध में सभी थानों के नोटिस बोर्ड पर आदेश चस्पा करने के साथ पुलिस कण्ट्रोल कक्ष की गाड़ियों से भी इसका प्रचार प्रसार कराया जाएगा.गौरतलब है कि गुरुवर से ही सहालग शुरू हुआ है. जिसके बाद से शादियों में आतिशबाजियों का चलन भी होगा. जिस वजह से प्रदूषण और बढ़ सकता है.जिसको देखते हुए प्रशासन ने यह कदम उठाया.इससे पहले बुधवार को मुख्यमंत्री योगी राजधानी लखनऊ में प्रदूषण को कण्ट्रोल करने के लिए हेलीकाप्टर द्वारा कृत्रिम बारिश करने को भी कहा था. जिसको लेकर कवायद में जिला प्रशासन जुटा हुआ है.