NCR पर क्या बोले सत्येंद्र दास और इकबाल अंसारी

अम्बेडकरनगर — जिले का कस्बा टांडा में चंद युवाओं की टोली ने सदभावना की ऐसी मिशाल पेश की है कि हर तरफ लोग तारीफ कर रहे हैं। पिछले 17 सालों से सेवा को ही अपना धर्म समझने वाले इन युवाओं ने गरीब, असहाय और बेसहारा बेटियों की शादी का जिम्मा उठाना शुरू किया था और अब तक लगभग 9 सौ बेटियों शादियां अपने खर्चे से करा चुके हैं। सर्वधर्म सामूहिक विवाह के बैनर तले इस बार यह आयोजन सदभावना की मिशाल पेश करता नजर आया। इस आयोजन में बिना किसी भेदभाव के सभी जाति धर्म के साथ साथ सभी राजनीतिक

Written By :

SK Sharma

Updated

January 27, 2020

अम्बेडकरनगर — जिले का कस्बा टांडा में चंद युवाओं की टोली ने सदभावना की ऐसी मिशाल पेश की है कि हर तरफ लोग तारीफ कर रहे हैं। पिछले 17 सालों से सेवा को ही अपना धर्म समझने वाले इन युवाओं ने गरीब, असहाय और बेसहारा बेटियों की शादी का जिम्मा उठाना शुरू किया था और अब तक लगभग 9 सौ बेटियों शादियां अपने खर्चे से करा चुके हैं। सर्वधर्म सामूहिक विवाह के बैनर तले इस बार यह आयोजन सदभावना की मिशाल पेश करता नजर आया।

इस आयोजन में बिना किसी भेदभाव के सभी जाति धर्म के साथ साथ सभी राजनीतिक पार्टियों और देश के सबसे लंबे समय तक चलने वाले अयोध्या के मुकदमे के बाबरी मस्जिद के पक्षकार इकबाल अंसारी और राम जन्मभूमि के मुख्य पुजारी सत्येंद्र दास जी एक साथ पहुंच कर वर वधू को आशीर्वाद दिया।

सामूहिक विवाह के इस कार्यक्रम में पहुंचे राम जन्म भूमि के मुख्य पुजारी सत्येंद्र दास जी और बाबरी मस्जिद के पक्षकार इकबाल अंसारी द्वारा वर बधू को आशीर्वाद देने के बाद अमन एवं शांति के लिए सम्मानित भी किया गया। इस मौके पर सत्येंद्र दास जी ने कहा कि बेटियों की शादी कराना बहुत ही पुनीत कार्य है।

पत्रकारों से वार्ता करते हुए नागरिकता संशोधन कानून पर उपजे विवाद पर सत्येंद्र दास जी ने लोगों से शांति बनाए रखने की अपील के साथ ही कहाकि नागरिकता कानून पिछले कई सालों से लंबित रहा, जिसे मोदी जी पूरा किया है। उन्होंने कहा कि इस कानून से किसी भी देशवासी का कोई नुकसान नही है। इसलिए इसको लेकर सभी को शांति बनाए रखना चाहिए।

बाबरी मस्जिद के पक्षकार इकबाल अंसारी ने इस आयोजन की तारीफ करते हुए कहाकि इस देश मे हिन्दू, मुस्लिम, सिख और ईसाई सभी भाई हैं और सदियों तक रहेंगे। नागरिकता कानून को लेकर देश मे जो अशांति उपजी है, उसको लेकर इकबाल अंसारी ने कहाकि वे हमेशा ही लोगों से शांति की अपील करते रहे हैं और इस मौके पर वे बेटियों की शादी में शामिल होने आए हैं, इसलिए वे कानून पर कुछ नही बोलेंगे।

कार्यक्रम के आयोजक धर्मवीर सिंह बग्गा ने बताया कि गरीब और बेसहारा बेटियों का विवाह कराना उनका अब आजीवन मकशद बन चुका है और इस कार्य मे उनके साथ कई युवा शामिल हैं। उन्होंने कहा कि उनके आयोजन में बिना किसी भेदभाव के संत महात्मा के साथ सभी राजनीतिक दलों के लोग शामिल होकर सद्भावना की मिशाल पेश की है और इस आयोजन को सफल बनाने में सहयोग किये हैं।

(रिपोर्ट-कार्तिकेय द्विवेदी,अम्बेडकरनगर)