ARTO पर एसटीएफ ने कसा शिकंजा

अम्बेडकरनगर — परिवहन विभाग में काफी दिनों से चल रहे ओवरलोड वाहनों की एंट्री और लोकेशन के गेम का खुलासा होने के बाद सूबे के 16 जिलों के एआरटीओ और उनके विभागीय कर्मचारियो पर एसटीएफ की निगाहें भले ही गड़ी हो, लेकिन इन्ही 16 जिलों के एआरटीओ में से एसटीएफ की रडार में आये, अम्बेडकरनगर जिले के मौजूदा एआरटीओ के एनसिंह ने अपना दामन बचाने के लिए, इस रैकेट में संलिप्त अपने भांजे ( बब्लू सिंह ) से अब अपना पल्ला झाड़ लिया है. वही इन्होंने मीडिया को अपने बचाव में दिए गए बयान में कहा कि जाँच रिपोर्ट में

Written By :

SK Sharma

Updated

January 29, 2020

अम्बेडकरनगर — परिवहन विभाग में काफी दिनों से चल रहे ओवरलोड वाहनों की एंट्री और लोकेशन के गेम का खुलासा होने के बाद सूबे के 16 जिलों के एआरटीओ और उनके विभागीय कर्मचारियो पर एसटीएफ की निगाहें भले ही गड़ी हो, लेकिन इन्ही 16 जिलों के एआरटीओ में से एसटीएफ की रडार में आये, अम्बेडकरनगर जिले के मौजूदा एआरटीओ के एनसिंह ने अपना दामन बचाने के लिए, इस रैकेट में संलिप्त अपने भांजे ( बब्लू सिंह ) से अब अपना पल्ला झाड़ लिया है.

वही इन्होंने मीडिया को अपने बचाव में दिए गए बयान में कहा कि जाँच रिपोर्ट में वो बेदाग साबित होंगे.साथ ही उन्होंने मीडिया कर्मियों के सवाल के जवाब में यह भी कहा इस रैकेट में मेरे भांजे का जो नाम आया है उसके बारे में वो जाने मेरा उससे कोई लेना-देना नही है.और जांच रिपोर्ट में मैं बेदाग साबित होकर निकलूंगा,मुझसे ज्यादा कोई वसूली दिया ही नही है. जब खुद की गर्दन फंस रही है तो अब एआरटीओ साहब कह रहे है कि भांजा क्या करता है वो जाने उसका कर्म जाने मैं बेदाग हूँ .

(रिपोेर्ट-कार्तिकेय द्विवेदी,अम्बेडकरनगर)