लखनऊ कचहरी ब्लास्ट में दो आंतकी दोषी करार, 27 अगस्त को सजा का ऐलान

लखनऊ– राजधानी लखनऊ में 11 साल पहले यानि 23 नंवबर 2007 को कचहरी में हुए ब्लास्ट मामले में न्यायाधीश बबिता रानी ने तारिक काजमी व मोहम्मद अख्तर को दोषी करार दिया है। यह फैसला गुरुवार को जेल में लगने वाली एक विशेष अदालत में सुनाया गया। इनकी सजा का ऐलान 27 अगस्त को किया जाएगा। लखनऊ में हुए उस बम ब्लास्ट में इंडियन मुजाहीदीन के आंतकियों में आजमगढ़ निवासी तारिक काजमी, कश्मीर निवासी मो. अख्तर उर्फ तारिक हुसैन जबकि तीसरे आंतकी खालिद मुजाहिद की ट्राइल के दौरान मौत हो चुकी है। सरकारी वकील पीके श्रीवास्तव ने बताया कि बम ब्लास्ट

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August 24, 2018

लखनऊ– राजधानी लखनऊ में 11 साल पहले यानि 23 नंवबर 2007 को कचहरी में हुए ब्लास्ट मामले में न्यायाधीश बबिता रानी ने तारिक काजमी व मोहम्मद अख्तर को दोषी करार दिया है। यह फैसला गुरुवार को जेल में लगने वाली एक विशेष अदालत में सुनाया गया। इनकी सजा का ऐलान 27 अगस्त को किया जाएगा।

लखनऊ में हुए उस बम ब्लास्ट में इंडियन मुजाहीदीन के आंतकियों में आजमगढ़ निवासी तारिक काजमी, कश्मीर निवासी मो. अख्तर उर्फ तारिक हुसैन जबकि तीसरे आंतकी खालिद मुजाहिद की ट्राइल के दौरान मौत हो चुकी है।

सरकारी वकील पीके श्रीवास्तव ने बताया कि बम ब्लास्ट को हूजी व इंडियन मुजाहिदीन के आतंकियों ने अंजाम दिया था। आतंकियों को रियाज भटकल ने ट्रेनिंग दी गई थी। आपको बता दें जिस दिन लखनऊ में ब्लास्ट हुआ था ठीक उसी दिन वाराणसी व फैजाबाद की कचहरी में ऐसी ही घटना को अंजाम दिया गया था।

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साइकिल में बम लगानकर ब्लास्ट करने की थी साजिश

राजधानी लखनऊ में 23 नवम्बर 2007 को दोपहर करीब सवा दो बजे दीवानी न्यायालय परिसर स्थित बरगद के पेड़ के पास बम ब्लास्ट हुआ। साइकिल स्टैंड पर खड़ी की गई साइकिल में भी बम लगा था जो फट नहीं सका। उसे निष्क्रिय कर दिया गया। तत्कालीन थाना प्रभारी वजीरगंज विजय कुमार मिश्रा ने उसी दिन रिपोर्ट दर्ज कराई थी। ब्लास्ट के बाद एक साइकिल, बैटरी, घड़ी, टाइमर घड़ी के टुकड़े, प्लास्टिक के टुकड़े, तार के कड़े, लोहे की पत्ती, आधा पीस गरारी, क्रीम कलर का चिपचिपा गीला केमिकल, लोहे के छर्रे, काला बैग व उसके अन्दर रखा रजिस्टर बरामद किया था।