पुलिस का खेल, मृतक पर 12 साल बाद FIR

बदव्यवहार के लिए बदनाम पुलिस को रस्सी का सांप बनाने में महारत हासिल है इसकी बानगी हापुड़ के थाना देहात कोतवाली पुलिस द्वारा दर्ज किये गए मुकदमे में देखने को मिली है। जहाँ मामूली मारपीट के मामले में पुलिस ने घटना के..

Written By :

SK Sharma

Updated

July 9, 2020

बदव्यवहार के लिए बदनाम पुलिस को रस्सी का सांप बनाने में महारत हासिल है इसकी बानगी हापुड़ के थाना देहात कोतवाली पुलिस द्वारा दर्ज किये गए मुकदमे में देखने को मिली है। जहाँ मामूली मारपीट के मामले में पुलिस ने घटना के 13 दिन बाद मुकदमा दर्ज किया जिसमे पुलिस ने कारनामा दिखाते हुए 12 साल पहले मारे गए युवक को ही नामजद कर दिया।

ये भी पढ़ें..भाजपा नेता व उसके पिता-भाई की गोली मारकर हत्‍या

मृतक पर कई धाराओं में मुकदमा दर्ज..

जानकारी के अनुसार मोहल्ला काशी नाथनगर गाँधी विहार निवासी इल्यास ने जून 2020 को थाना देहात में मुकदमा दर्ज कराया था जिसमे आरोप लगाया गया था जिसमे आरोप था की सात जून की सुबह आठ बजे घर से डीजल लेने के लिए पेट्रोल पंप पर जा रहा था रस्ते में सोनू निवासी गाँधी नगर मिल गया था रस्ते में आरोपित सोनू ने उसके साथ गाली गलोच व् मारपीट कर दी जिसमे पीड़ित के दांत टूट गए।

पुलिस ने वादी की तहरीर पर सोनू के खिलाफ भारतीय दंड सहिंता की धारा 323, 325 और 504 के तहत सोनू नाम के युवक के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर लिया जबकि सोनू की जनपद गौतमबुद्धनगर में 12 वर्ष पहले हत्या को चुकी है मामला संज्ञान में आने के बाद पुलिस विभाग में हड़कंप मच गया।

होगी जांच..

वही पुलिस अधीक्षक संजीव सुमन का कहना है की किसी भी मामले की तहरीर थाने में आती है तो उसकी एफआईआर दर्ज की जाती है उसके बाद मामले की जाँच की जाती है जाँच में यदि कोई व्यक्ति निर्दोष होता है तो उसका नाम निकाला जाता है और जो दोषी होता है उसका नाम प्रकाश में लाया जाता है वादी ने ऐसा क्यों किया इसकी जाँच की जाएगी।

ये भी पढ़ें..आकाशीय बिजली गिरने से एक की मौत, 7 झुलसे

(रिपोर्ट – विकास कुमार, हापुड़)