प्रशासन के कड़े निर्देशों के बावजूद घरों धधक रही देशी शराब की भट्टियां

अम्बेडकर नगर — अवैध देशी शराब को रोकने के लिए सरकार पुलिस और आबकारी विभाग को कितने भी निर्देश जारी कर ले। लेकिन न तो अवैध शराब की बिक्री पर रोक लग पा रही है और न ही बनने पर । सरकार के निर्देशों के बावजूद घर घर देशी शराब की भट्टियां धधक रही है । देशी शराब पीने से यूपी के कई जिलों में हुई मौत के बाद भी जिला प्रसाशन आँखे मूंदे पड़ा है और जिसकी वजह से घर घर अवैध देशी शराब बनने का काला कारोबार जारी है। अब हम आपको जो दिखाने जा रहे है उसे

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March 26, 2019

अम्बेडकर नगर — अवैध देशी शराब को रोकने के लिए सरकार पुलिस और आबकारी विभाग को कितने भी निर्देश जारी कर ले। लेकिन न तो अवैध शराब की बिक्री पर रोक लग पा रही है और न ही बनने पर ।

सरकार के निर्देशों के बावजूद घर घर देशी शराब की भट्टियां धधक रही है । देशी शराब पीने से यूपी के कई जिलों में हुई मौत के बाद भी जिला प्रसाशन आँखे मूंदे पड़ा है और जिसकी वजह से घर घर अवैध देशी शराब बनने का काला कारोबार जारी है।

अब हम आपको जो दिखाने जा रहे है उसे देखकर आप हैरान हो जाएंगे। यहा देशी शराब बनाने वाली महिला कितनी दबंगई से बता करती है कि पुलिस और आबकारी विभाग भी इनका कुछ नहीं बिगाड़ पाती। इनका कहना है कि पुलिस आबकारी विभाग भी इनसे पैसा लेकर छोड़ दिया जाता है और खुले आम देशी शराब बेचीं जा रही है।अब इलाके की महिलाएं देशी शराब के विरोध में चुनाव में वोट बहिष्कार की धमकी दे रही है।

दरअसल मामला अम्बेडकरनगर जिले के राजेसुल्तानपुर थानाक्षेत्र के नदी के किनारे बसे कम्हरिया गांव की है। इस गांव के हर घर में देशी शराब बनाई जाती है। जब हमारी टीम इस इलाके में पहुंची तो हमें कुछ भी नहीं दिखाई दिया। पर जब हम एक जानवर के बाड़े में पहुंचे तो वहां देशी शराब बनाई जा रही थी। जिसे देख हमारी आँखे फटी की फटी रह गयी।

देशी सराब बनाने वाली ग्रामीण महिला से जब हमने पूछा की किस तरह से शराब बना रही हो क्या पुलिस यहां नहीं आती। उसने जो बताया आप सुनकर हैरान रह जाएंगे। उसने बताया की पूरे गाँव में देशी शराब बनाई जाती है और अगर पुलिस आती है तो पैसा लेकर चली जाती है और अगर आबकारी विभाग के लोग आतें है तो , चूल्हे तोड़ कर चले जाते हैं।

इस दबंग महिला ने ये भी बताया की किस तरह खुले आम शाम को देशी शराब बेची जाती है और लोग दूर-दूर से यहां देशी शराब लेने आते हैं।जब हमने इलाके के बगल के गाँवों में लोगों से बात किया तो पूरे गाँव की महिलाएं इस देशी शराब के विरोध में दिखी । उनका कहना है की इस देशी शराब से इलाके का माहौल और लोग बिगड़ रहें है और विरोध करने पर मारने पीटने की धमकी भी दी जाती है।

उन्होंने बताया की खुले आम गाँव में देशी शराब बनाई जाती है । पुलिस और विभाग वाले पकड़ते भी हैं तो पैसा लेकर छोड़ देते है। इन ग्रामीण महिलाओं ने देशी शराब के वरोध में 2019 के चुनाव में वोट न डालने की धमकी दे रही है। उनका कहना है अगर देशी शराब यहां नहीं बंद होती है तो हम सब वोट नहीं डालेंगे।

(रिपोर्ट-कार्तिकेय चंद्र द्विवेदी,अम्बेडकर नगर)