गोमती रिवर फ्रंट घोटाला: योगी सरकार ने जांच के लिए गठित की ‘जॉइंट रिव्यू कमेटी’

लखनऊ– उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट प्रॉजेक्ट की समीक्षा के लिए एक जॉइंट रिव्यू कमेटी गठित कर दी है। मुख्य सचिव के निर्देश पर 10 इंजीनियरों की टीम इस मामले की जांच करेगी। यह कमेटी अब तक हुए काम और उसकी गुणवत्ता जांचेगी और इसके साथ ही आगे होने वाले काम पर भी नजर रखेगी। कमेटी 15 दिन में अपनी जांच रिपोर्ट देगी।   जानकारी के अनुसार प्रदेश में बीजेपी सरकार आने के बाद मुख्यमंत्री योगी  ने सपा सरकार में शुरू हुए रिवरफ्रंट प्रॉजेक्ट को फिजूलखर्ची बताया था। सीएम ने इसके घोटाले की जांच के आदेश

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November 7, 2017

लखनऊ– उत्तर प्रदेश की योगी सरकार ने गोमती रिवर फ्रंट प्रॉजेक्ट की समीक्षा के लिए एक जॉइंट रिव्यू कमेटी गठित कर दी है। मुख्य सचिव के निर्देश पर 10 इंजीनियरों की टीम इस मामले की जांच करेगी। यह कमेटी अब तक हुए काम और उसकी गुणवत्ता जांचेगी और इसके साथ ही आगे होने वाले काम पर भी नजर रखेगी। कमेटी 15 दिन में अपनी जांच रिपोर्ट देगी।

 

जानकारी के अनुसार प्रदेश में बीजेपी सरकार आने के बाद मुख्यमंत्री योगी  ने सपा सरकार में शुरू हुए रिवरफ्रंट प्रॉजेक्ट को फिजूलखर्ची बताया था। सीएम ने इसके घोटाले की जांच के आदेश भी दिए थे। सबसे पहले रिटायर्ड जज की एक सदस्यीय कमेटी बनाकर जांच करवाई गई। फिर नगर विकास मंत्री सुरेश खन्ना की अध्यक्षता में उच्च स्तरीय कमेटी बनी। इन सब के बाद इसकी सीबीआई जांच की सिफारिश भी की गई थी।

बता दें कि जांच के आदेशों के बाद सरकार ने पुरानी कंपनी गैमन इंडिया लिमिटेड से ही काम करवाने का फैसला लिया है। अब नए सिरे से काम होने से पहले इसकी तकनीकी जांच जरूरी है। मुख्य सचिव राजीव कुमार ने बैठक बुलाई और जॉइंट रिव्यू कमेटी गठित करने का फैसला लिया।