बकरीद पर मंडरा रहा कोरोना का असर, सैकड़ों साल की परंपरा पर लगा विराम

जनपद हापुड़ में कोरोना काल में सभी त्योहारों पर डर का साया मंडरा रहा है। बकरी ईद के मौके पर जनपद हापुड़ में उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों से व्यापारी बकरा खरीददारी और बेचने के लिए आते थे लेकिन

Written By :

Shweta Singh

Updated

July 28, 2020

जनपद हापुड़ में कोरोना काल में सभी त्योहारों पर डर का साया मंडरा रहा है। बकरी ईद के मौके पर जनपद हापुड़ में उत्तर प्रदेश के अलग-अलग जिलों से व्यापारी बकरा खरीददारी और बेचने के लिए आते थे लेकिन इस बार कोरोना वायरस महामारी के चलते बकरो की खरीददारी कम हो गयी है।

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पिछली ईद के मुकाबले इस बार ईद पर बकरो की कीमते भी काफी घट गयी है। जिससे देखते हुए व्यापारी काफी चिंतित है और व्यापारियों को खरीददार भी कम मिल रहे है। हापुड़ में कई जिलों के व्यापारी बकरे को ईद पर्व के मौके पर बेचने आया करते थे लेकिन शनिवार – रविवार को लोकडाउन और कोरोना काल ने सैकड़ों साल की परंपरा को विराम लगा दिया है।

जिस कारण इस बार ईद के पर्व पर व्यापारी काफी नाखुश नजर आ रहे है। वही व्यापारियों का कहना है की जो बकरा हम 20 हजार रूपये का खरीदकर ला रहे है। उस बकरे की कीमत सिर्फ 10-15 हजार रूपये लग रही है इस बार व्यापारियों को काफी नुकसान हो रहा है। वही एक व्यापारी ने ये भी बताया की वो चार दिन से बकरे बेचने के लिए खड़ा हुआ है लेकिन उसको कोई खरीददार नहीं मिल रहा है जिसको लेकर व्यापारी काफी चिंता में है।

(रिपोर्ट-सोनू त्यागी, हापुड़)