अगर स्कूल में शिक्षकों ने किया मोबाइल का इस्तेमाल, तो जाएगी नौकरी

लखनऊ–उत्तर प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है जहां बेसिक शिक्षा विभाग के सरकारी स्कूलों में अब शिक्षक मौजूदा स्कूल टाइम (सुबह 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक) तक में मोबाइल फोन पर सोशल मीडिया का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे। दरअसल, स्कूल के शिक्षकों द्वारा बच्चों को पढ़ाई में ध्यान देने की बजाय सोशल साइट पर व्यस्त रहने की शिकायतें अक्सर सामने आती हैं। इसी को देखते हुए सरकार ने चेतावनी दी है कि अगर कोई भी शिक्षक मोबाइल फोन पर सोशल मीडिया का इस्तेमाल करता मिला तो उसके खिलाफ निलंबन जैसी सख्त कार्रवाई की जाएगी। सूत्रों

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July 4, 2019

लखनऊ–उत्तर प्रदेश देश का पहला ऐसा राज्य बन गया है जहां बेसिक शिक्षा विभाग के सरकारी स्कूलों में अब शिक्षक मौजूदा स्कूल टाइम (सुबह 8 बजे से दोपहर 1 बजे तक) तक में मोबाइल फोन पर सोशल मीडिया का इस्तेमाल नहीं कर सकेंगे।

दरअसल, स्कूल के शिक्षकों द्वारा बच्चों को पढ़ाई में ध्यान देने की बजाय सोशल साइट पर व्यस्त रहने की शिकायतें अक्सर सामने आती हैं। इसी को देखते हुए सरकार ने चेतावनी दी है कि अगर कोई भी शिक्षक मोबाइल फोन पर सोशल मीडिया का इस्तेमाल करता मिला तो उसके खिलाफ निलंबन जैसी सख्त कार्रवाई की जाएगी। सूत्रों के मुताबिक सीएम योगी जल्द ही कोई मोबाइल नंबर जारी करने वाले हैं, जिस पर आम जनता सरकारी स्कूल से जुड़ी शिकायतों को सीधे उन तक पहुंचा सकेगी। आपको बता दें कि सीएम योगी ने सरकारी कर्मचारियों, शिक्षकों की सुस्ती और भ्रष्टाचार के खिलाफ बेहद कड़ा रुख अखित्यार किया है। 

राज्य सरकार के निर्देशों के मुताबिक परिषदीय स्कूलों मे शिक्षण कार्यों को बेहतर करने के लिहाज से मोबाइल फोन पर सुबह साढे आठ बजे से एक बजे तक फेसबुक, व्हाटस्एप्प, ट्विटर, ई-मेल, गूगल, मैसेंजर आदि के प्रयोग पर पूरी तरह से रोक लगा दी गई है। यदि ऐसा करते कोई शिक्षक पकड़ा गया तो उनके खिलाफ विभागीय कार्रवाई की जाएगी। सिर्फ इतना ही नहीं सरकारी स्कूलों में शिक्षको के जींस और टी शर्ट पहनकर आने पर भी तत्काल प्रभाव से रोक लगा दी गई है। भड़कीले पैंट शर्ट भी पहनकर शिक्षक स्कूल नहीं आ सकेंगे। अगर किसी ने इन निर्देशों की अवहेलना की तो उसे भी विभागीय कार्रवाई का सामना करना पड़ेगा। सरकार ने यह फरमान सुनाते हुए तत्काल पालन करने के निर्देश दिए हैं।

इसी क्रम में जिलों स्कूलों में समय पर शिक्षकों की हाजिरी चेक करने के लिए एक ओर बच्चों के साथ शिक्षकों को सेल्फी अपने विभाग के ग्रुप पर भेजनी है। जिससे स्कूल में उनकी उपस्थित सुनिश्चित की जा सके।