लखनऊःसंविधान के 73वें संशोधन को लेकर ग्राम प्रधानों का विशाल धरना प्रदर्शन

लखनऊ — आलमबाग के गीतापल्ली क्षेत्र में स्थित ईकों गार्डेन में अखिल भारतीय ग्राम प्रधान संगठन के तत्वाधान में प्रदेश भर के ग्रामीण क्षेत्रों से एकत्र हुए सैकड़ों ग्राम प्रधानों ने… ग्रामीण क्षेत्र की ग्राम पंचायतो में संविधान के 73वें संसोधन के तहत सेल्फ गर्वमेण्ट (ग्राम पंचायत सरकार) किये जाने की मांग को लेकर विशाल धरना प्रदर्शन किया और मांगों को एक हप्ते में पूरा करने की मांग को लेकर नारेबाजी करते रहे ।  वहीं धरने का नेतृत्व कर रहे अखिल भारतीय ग्राम प्रधान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेन्द्र चौधरी ने प्रदेश भर से आये प्रधानो का स्वागत किया ।

Written By :

admin

Updated

September 25, 2018

लखनऊ — आलमबाग के गीतापल्ली क्षेत्र में स्थित ईकों गार्डेन में अखिल भारतीय ग्राम प्रधान संगठन के तत्वाधान में प्रदेश भर के ग्रामीण क्षेत्रों से एकत्र हुए सैकड़ों ग्राम प्रधानों ने…

ग्रामीण क्षेत्र की ग्राम पंचायतो में संविधान के 73वें संसोधन के तहत सेल्फ गर्वमेण्ट (ग्राम पंचायत सरकार) किये जाने की मांग को लेकर विशाल धरना प्रदर्शन किया और मांगों को एक हप्ते में पूरा करने की मांग को लेकर नारेबाजी करते रहे । 

वहीं धरने का नेतृत्व कर रहे अखिल भारतीय ग्राम प्रधान संगठन के राष्ट्रीय अध्यक्ष जितेन्द्र चौधरी ने प्रदेश भर से आये प्रधानो का स्वागत किया । जितेंद्र चौधरी ने कहा कि सरकार ग्रामीण क्षेत्रों का समुचित विकास नही कर सकती है । उन्होंने कहा कि ग्राम पंचायते सरकार की एजेन्सी की मात्र बनकर रह गई हैं । ग्राम पंचायतों के पास कोई भी निधि व गाँव के विकास का कोई अधिकार नहीं होता है जबकि संविधान के 73वें संसोधन में ग्राम पंचायतों को सेल्फ गर्वमेण्ट का अधिकार दिया गया था । उन्होंने कहा कि तीन तरह से विकास कार्य करवाया जा सकता है जिसमें केन्द्र सरकार अपना काम करे , राज्य सरकार अपना काम करें और 73वें संशोधन को लागू कर ग्राम पंचायतों को ग्रामीण क्षेत्रों में विकास कार्य करवाने का प्रावधान होना चाहिए क्योंकि ग्रामीण क्षेत्रों का सही विकास ग्राम पंचायते ही कर सकती हैं ।

जितेंद्र चौधरी ने कहा कि हमारा संगठन इस मांग को लेकर कई वर्षो से लड़ाई लड़ रहा है और आज इसी मांग को लेकर प्रदेश भर के सैकड़ों ग्राम प्रधान आज एकत्र हुए हैं । उन्होंने अपनी मांगों को पूरी करने के लिए सरकार को एक हप्ते का समय देते हुए कहा कि यदि हमारी मांगे न मानी गई तो प्रदेश भर के लाखों ग्रामीण व ग्राम प्रधान एकत्र होकर विधानसभा का घेराव कर सरकार से आरपार की लड़ाई लड़ेगें । 

(रिपोेर्ट-अंशुमान दुबे,लखनऊ)