वेलिंग्टन टेस्ट में भारत की शर्मनाक हार,विराट ने इसे बताया जिम्मेदार

स्पोर्ट्स डेस्क — वेलिंग्टन टेस्ट में मेजबान न्यूजीलैंड ने चौथे दिन सोमवार को ही भारत को 10 विकेट से हरा दिया. इसी के साथ उसने दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है. बेसिन रिजर्व मैदान पर खेले गए पहले टेस्ट मैच में न्यूजीलैंड ने भारत को पहली पारी में 165 रनों पर ढेर कर दिया था और अपनी पहली पारी में 348 रन बना उस पर 183 रनों की बढ़त ले ली थी. वहीं दूसरी पारी में भारतीय बल्लेबाज बड़ा स्कोर नहीं कर सके और सिर्फ 191 रन ही बना सके जिससे न्यूजीलैंड को जीत

Written By :

SK Sharma

Updated

February 24, 2020

स्पोर्ट्स डेस्क — वेलिंग्टन टेस्ट में मेजबान न्यूजीलैंड ने चौथे दिन सोमवार को ही भारत को 10 विकेट से हरा दिया. इसी के साथ उसने दो मैचों की टेस्ट सीरीज में 1-0 की बढ़त बना ली है. बेसिन रिजर्व मैदान पर खेले गए पहले टेस्ट मैच में न्यूजीलैंड ने भारत को पहली पारी में 165 रनों पर ढेर कर दिया था और अपनी पहली पारी में 348 रन बना उस पर 183 रनों की बढ़त ले ली थी.

वहीं दूसरी पारी में भारतीय बल्लेबाज बड़ा स्कोर नहीं कर सके और सिर्फ 191 रन ही बना सके जिससे न्यूजीलैंड को जीत के लिए सिर्फ नौ रन चाहिए थे जो उसने बिना किसी विकेट खोकर बना लिए. टॉम लाथम सात और टॉम ब्लंडल दो रन बनाकर नाबाद रहे.भारत ने चौथे दिन की शुरुआत चार विकेट के नुकसान पर 144 रनों के साथ की. वह अपने खाते में 47 रन जोड़कर बाकी के सभी छह विकेट खोकर पवेलियन लौट गई. टिम साउदी ने दूसरी पारी में न्यूजीलैंड के लिए पांच विकेट लिए. वहीं ट्रेंट बाउल्ट ने चार विकेट लिए.

गौरतबल है कि वनडे सीरीज में करारी हार के बाद टीम इंडिया को टेस्ट सीरीज के पहले ही मैच में दस विकेटों से करारी शिकस्त झेलनी पड़ी. भारतीय टीम ने मात्र साढ़े तीन दिन में ही मेजबान के सामने घुटने टेक दिए.

विराट कोहली ने टॉस को ठहराया हार का जिम्मेदार

वहीं टेस्ट रैंकिंग में नंबर एक टीम इंडिया दोनों पारियों में एक बार भी 200 रन का आंकड़ा भी नहीं छू पाई। हार के बाद विराट कोहली ने टॉस को जिम्मेदार ठहराया।विराट ने कहा, ‘पहले दिन टॉस ही था जो महत्वपूर्ण साबित हुआ, लेकिन साथ ही जिस मजबूत बल्लेबाजी इकाई के लिए हम पहचाने जाते हैं, यहां हम वैसे नहीं दिखे’. उन्होंने कहा, ‘मुझे नहीं लगता कि हम पहली पारी में उनके गेंदबाजों पर पर्याप्त दबाव बना पाए.’