उत्तराखंड तबाही: लखीमपुर खीरी के 15 मजदूर लापता, घर में मचा कोहराम

उत्तराखंड के जोशीमठ में ग्लेशियर फटने से आई भीषण तबाही में यूपी के लखीमपुर खीरी जिले के 15 मजदूर भी लापता हैं. वहीं तबाही सूचना मिलने के बाद परिजनों में कोहराम मचा हुआ है.

Written By :

SK Sharma

Updated

February 8, 2021

उत्तराखंड के जोशीमठ में ग्लेशियर फटने (uttarakhand glacier) से आई भीषण तबाही में यूपी के लखीमपुर खीरी जिले के 15 मजदूर भी लापता हैं. वहीं तबाही सूचना मिलने के बाद परिजनों में कोहराम मचा हुआ है.

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बता दें कि जिस वक्त तबाही (uttarakhand glacier) आई उस वक्त तपोवन के पॉवर प्रोजेक्ट में काम कर रहे कई मजदूर टनल में फंस गए. इनमें निघासन तहसील क्षेत्र के गांव बाबू पुरवा, भेरमपुर, मांझा व कड़िया के 15 युवक भी शामिल हैं जो पावर प्रोजेक्ट में काम करने के लिए गये थे. हादसे के बाद से परिजनों का उनसे कोई भी संपर्क नहीं हो पा रहा है. जबकि परिजनों का रो-रोकर बुरा हाल हैं.

5 मजदूर सैलाब में बह गए…

त्रासदी (uttarakhand glacier) के में बचे एक मजदूर ने यह बताया वह तो बच गया लेकिन उसके साथ काम करे रहे 15 साथी या तो सैलाब में बह गए या फिर टनल में फंसे हैं. इसकी सूचना जैसे ही लापता मजदूरों के परिजनों को हुई तो उन्होंने फोन पर संपर्क करने की कोशिश की, लेकिन किसी से बात नहीं हो पाई.

ये हैं लापता

गौरतलब है कि निघासन तहसील क्षेत्र के इंडो नेपाल बॉर्डर पर स्थित गांव बाबू पुरवा, भेरमपुर, मांझा और गांव कड़िया हैं. बाबूपुरवा गांव के पांच युवक हीरालाल, सूरज, अर्जुन, विमलेश, धर्मेंद और अरुण अभी तक लापता हैं, जिनकी कोई सूचना नहीं मिल पाई हैं. 10 युवक भेरमपुर व मांझा गांव के भी हैं जिनसे परिजनों का संपर्क नही हो पा रहा हैं.

मिली जानकारी के मुताबिक इस त्रासदी में 155 लोगों के मारे जाने की आशंका है. अभी तक 15 शव निकाले जा चुके हैं.

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